अयोध्या में स्वास्थ्य विभाग 24 घंटे अलर्ट:तीन अगस्त से शुरू होगी कांवड़ यात्रा, थानों पर एंबुलेंस तैनात
अयोध्या में श्रावण मास में होने वाली कांवड़ यात्रा और श्रावण झूला मेले के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। बड़ी संख्या में आने वाले कांवड़ यात्रियों और श्रद्धालुओं को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र , प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और प्रमुख अस्पतालों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। सौ बेड अस्पताल के सीएमएस डॉक्टर रवि पांडे ने बताया कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। तीन अगस्त से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालु सरयू स्नान के बाद नागेश्वरनाथ मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। इस अवधि में जिले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही रहती है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने एक विशेष मास्टर प्लान तैयार किया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सके। सीएमओ ने निर्देश दिए हैं कि कांवड़ मार्ग पर पड़ने वाले सभी स्वास्थ्य केंद्रों में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ और आवश्यक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध रहें। मिल्कीपुर, सोहावल, रुदौली, जिला अस्पताल और श्रीराम चिकित्सालय के अलावा सीएचसी पूराबाजार, तरुण, मसौधा, बीकापुर सहित सभी संबंधित स्वास्थ्य केंद्रों को 24 घंटे सक्रिय रखने के आदेश दिए गए हैं। मार्ग पर स्थित पीएचसी भी लगातार सेवाएं प्रदान करेंगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों में आवश्यक दवाओं, जीवनरक्षक औषधियों, प्राथमिक उपचार सामग्री और अन्य चिकित्सा संसाधनों का पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश दिए हैं। इसके अतिरिक्त, कांवड़ यात्रा के दौरान प्रमुख थाना और कोतवाली परिसरों में एम्बुलेंस तैनात रहेंगी, ताकि किसी भी दुर्घटना, बीमारी या आपात स्थिति में मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके। सीएमओ डॉ. देवेंद्र कुमार भिटौरिया ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य विभाग की तत्परता सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी चिकित्सा इकाइयों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और अधिकारियों को लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कांवड़ यात्रा और श्रावण झूला मेला सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
अयोध्या में श्रावण मास में होने वाली कांवड़ यात्रा और श्रावण झूला मेले के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। बड़ी संख्या में आने वाले कांवड़ यात्रियों और श्रद्धालुओं को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र , प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और प्रमुख अस्पतालों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। सौ बेड अस्पताल के सीएमएस डॉक्टर रवि पांडे ने बताया कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। तीन अगस्त से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालु सरयू स्नान के बाद नागेश्वरनाथ मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। इस अवधि में जिले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही रहती है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने एक विशेष मास्टर प्लान तैयार किया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सके। सीएमओ ने निर्देश दिए हैं कि कांवड़ मार्ग पर पड़ने वाले सभी स्वास्थ्य केंद्रों में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ और आवश्यक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध रहें। मिल्कीपुर, सोहावल, रुदौली, जिला अस्पताल और श्रीराम चिकित्सालय के अलावा सीएचसी पूराबाजार, तरुण, मसौधा, बीकापुर सहित सभी संबंधित स्वास्थ्य केंद्रों को 24 घंटे सक्रिय रखने के आदेश दिए गए हैं। मार्ग पर स्थित पीएचसी भी लगातार सेवाएं प्रदान करेंगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों में आवश्यक दवाओं, जीवनरक्षक औषधियों, प्राथमिक उपचार सामग्री और अन्य चिकित्सा संसाधनों का पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश दिए हैं। इसके अतिरिक्त, कांवड़ यात्रा के दौरान प्रमुख थाना और कोतवाली परिसरों में एम्बुलेंस तैनात रहेंगी, ताकि किसी भी दुर्घटना, बीमारी या आपात स्थिति में मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके। सीएमओ डॉ. देवेंद्र कुमार भिटौरिया ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य विभाग की तत्परता सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी चिकित्सा इकाइयों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और अधिकारियों को लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कांवड़ यात्रा और श्रावण झूला मेला सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।